24 FEB 2026 Released by PIB Delhi
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज संस्कृत में सुभाषितम साझा किया है जिसमें इस बात पर बल दिया गया है कि नवाचार में सफलता प्रतिभा और निरंतर प्रयास दोनों के परिणामस्वरूप मिलती है।
प्रधानमंत्री ने इस कालातीत ज्ञान का भी उल्लेख किया है कि समुचित परिणाम प्राप्त करने के लिए यह आवश्यक है कि व्यक्ति अपनी क्षमता के साथ कार्य भी करे। प्रधानमंत्री की ओर से साझा किया गया संदेश इस प्रकार है:
यथाकेन न हस्तेन घाट सम्प्रपद्यते।
तथोग्यमपरित्यक्तं न फलं कर्मण: स्मृतम्।।
“जिस प्रकार एक हाथ से ताली नहीं बज सकती, उसी प्रकार नवाचार में सफलता बिना प्रयास के संभव नहीं है। प्रतिभा तभी फल देती है जब कड़े परिश्रम के साथ निरंतर प्रयास भी किया जाए।”
प्रधानमंत्री ने X पर लिखा;
यथाकेन न हस्तेन घाट सम्प्रपद्यते।
तथोद्यमपरित्यक्तं न फलं कर्मणः स्मृतम्॥



